Sunday, May 8, 2011
साउथ गोलकडीह के वाशिंदों को नोटिस
तिसरा: बीसीसीएल प्रबंधन ने साउथ गोलकडीह बस्ती के रहने वालों को अतिक्रमण हटाओ अभियान के तहत क्षेत्र खाली करने का नोटिस दिया है। वहीं लोगों का कहना है कि हमें यहां केवड़ा कंपनी के समय ही बसाया गया था। वषोर्ें से यहां रह रहे हैं हम न हटेंगे। चाहे कुछ भी क्यों न हो जाये। प्रबंधन की हिटलरशाही के विरोध में हम सभी कमर कस चुके हैं।
Thursday, May 5, 2011
Cricinfo Latest News
Cricinfo Latest News: "Get the latest cricket news from Cricinfo. Add the Cricinfo Latest News widget now!"
Friday, April 29, 2011
नगर संशो--दिन का कर्फ्यू हटा
सब हेड - सुबह 7 से शाम 7 बजे तक राहत, स्थिति की समीक्षा आज फिर
--------------
अतिक्रमण की आंच
- धारा 144 लागू, धरना-प्रदर्शन व जुलूस पर प्रतिबंध
- 81 केंद्रों पर आज होगी इंटर की परीक्षा
- 1 मई को तय समय पर होगी एआइईईई
- सरकारी स्कूल व कॉलेज सहित अन्य कार्यालय खुलेंगे
- सोमवार को खुलेंगे निजी स्कूल
धनबाद, जागरण संवाददाता : पुलिस फायरिंग में चार लोगों की मौत के बाद जनाक्रोश को नियंत्रित करने के लिए लगाये गये कर्फ्यू के तीसरे दिन शुक्रवार को धनबाद नगर निगम और बाघमारा थाना क्षेत्र में शांति बनी रही। शुक्रवार की सुबह सात बजे से नौ बजे और दोपहर बाद दो बजे से पांच बजे तक कर्फ्यू में ढील दी गई। ढील के दौरान कर्फ्यू प्रभावित धनबाद, झरिया, सिंदरी, कतरास, बाघमारा आदि क्षेत्रों में किसी भी प्रकार की कोई हिंसक और अप्रिय घटना नहीं घटी। इसे देखते हुए जिला प्रशासन ने शनिवार को दिन का कर्फ्यू उठाने की घोषणा की है। शनिवार की सुबह सात बजे से रात सात बजे तक कर्फ्यू नहीं रहेगा। इस दौरान धारा 144 लागू रहेगी और धरना, प्रदर्शन और जुलूस पर प्रतिबंध रहेगा।
धनबाद की विधि-व्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए प्रमंडलीय आयुक्त नितिन मदन कुलकर्णी, उपायुक्त सुनील कुमार वर्णवाल, आइजी मनोज मिश्र, डीआइजी उमेश सिंह, एसपी आरके धान ने शुक्रवार को पूर्वाह्न 11 बजे बैठक कर स्थिति की समीक्षा की। दुबारा शाम को सात बजे उपायुक्त ने पुलिस प्रशासन के तमाम बड़े अधिकारियों के साथ स्थिति की समीक्षा की।
बैठक के बाद उपायुक्त ने पत्रकारों को बताया कि शनिवार की रात आठ बजे फिर से स्थिति की समीक्षा की जाएगी। स्थिति सामान्य होने पर कर्फ्यू हटा लिया जाएगा। शनिवार को दिन में कर्फ्यू नहीं रहेगा। इस दौरान असामाजिक और शरारती तत्वों पर नजर रहेगी ताकि कोई गड़बड़ी न हो। उपायुक्त ने कहा कि शनिवार को जिले के 81 निर्धारित केंद्रों पर इंटर की परीक्षा होगी। सामान्य दिनों की तरह सरकारी स्कूल, कॉलेज, बैंक, पोस्टऑफिस और अन्य कार्यालय खुलेंगे। शादी समारोह में दिक्कत नहीं होने दी जाएगी। माडा की हड़ताल के कारण जलापूर्ति बाधित रहने पर कहा कि टैंकर से नगर निगम क्षेत्र में आपूर्ति की जा रही है। तिलाटांड से तेतुलिया और कतरास क्षेत्र में जलापूर्ति शुरू कर दी गई है। माडा के जामाडोबा जलसंयंत्र को चालू करने के लिए आउटसोर्सिग का सहारा लिया जा रहा है।
परीक्षार्थियों को राहत : जिले में इंटरमीडिएट के 28 हजार परीक्षार्थियों के लिए राहत की खबर है। जिला प्रशासन ने शनिवार को द्वितीय पाली में होने वाली इलेक्टिव लैंग्वेज व एडिशनल लैंग्वेज परीक्षा कराने की छूट दे दी है। परीक्षार्थी को परीक्षा केंद्र जाने से रोका नहीं जाएगा। उनके पास प्रवेश-पत्र होना चाहिए। वहीं एआइईईई भी 1 मई को तय समय पर निर्धारित केंद्रों में होगी। एआइईईई के को-ऑर्डिनेटर केसी श्रीवास्तव शुक्रवार को उपायुक्त से मिले। उपायुक्त ने उन्हें आश्वस्त किया कि तय समय और केंद्र पर परीक्षा होगी।
दस केंद्रों में शामिल होंगे 15 हजार परीक्षार्थी : सीबीएसई की आयोजित इस परीक्षा के लिए धनबाद में दस परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। इन केंद्रों पर धनबाद और आस-पास जिलों के 15 हजार परीक्षार्थी हिस्सा लेंगे। एआइईईई क्रैक करने के बाद परीक्षार्थियों के पास एनआइटी जमशेदपुर, बीआइटी मेसरा रांची, एनआइएफएफटी रांची और बीआइटी एक्सटेंशन काउंटर जसीडीह विकल्प के तौर पर खुले रहेंगे।
इन केंद्रों पर होगी परीक्षा : एआइईईई के लिए धनबाद में केंद्रीय विद्यालय-1, डीएवी कोयला नगर, डीएवी सीएफआरआइ, डीएवी बनियाहीर, सरस्वती विद्या मंदिर भूली, दिल्ली पब्लिक स्कूल धनबाद, धनबाद पब्लिक स्कूल, दून पब्लिक स्कूल, सेंट जेवियर्स इंटरनेशनल स्कूल और राजकमल सरस्वती विद्या मंदिर केंद्र बनाए गए हैं।
सरकारी स्कूल खुलेंगे : शनिवार को जिले के सभी सरकारी स्कूल संचालित होंगे। स्कूल सुबह 8:00 बजे से 11:30 बजे तक खुलेंगे। वहीं निजी स्कूल सोमवार को खुलेंगे।
--------------
अतिक्रमण की आंच
- धारा 144 लागू, धरना-प्रदर्शन व जुलूस पर प्रतिबंध
- 81 केंद्रों पर आज होगी इंटर की परीक्षा
- 1 मई को तय समय पर होगी एआइईईई
- सरकारी स्कूल व कॉलेज सहित अन्य कार्यालय खुलेंगे
- सोमवार को खुलेंगे निजी स्कूल
धनबाद, जागरण संवाददाता : पुलिस फायरिंग में चार लोगों की मौत के बाद जनाक्रोश को नियंत्रित करने के लिए लगाये गये कर्फ्यू के तीसरे दिन शुक्रवार को धनबाद नगर निगम और बाघमारा थाना क्षेत्र में शांति बनी रही। शुक्रवार की सुबह सात बजे से नौ बजे और दोपहर बाद दो बजे से पांच बजे तक कर्फ्यू में ढील दी गई। ढील के दौरान कर्फ्यू प्रभावित धनबाद, झरिया, सिंदरी, कतरास, बाघमारा आदि क्षेत्रों में किसी भी प्रकार की कोई हिंसक और अप्रिय घटना नहीं घटी। इसे देखते हुए जिला प्रशासन ने शनिवार को दिन का कर्फ्यू उठाने की घोषणा की है। शनिवार की सुबह सात बजे से रात सात बजे तक कर्फ्यू नहीं रहेगा। इस दौरान धारा 144 लागू रहेगी और धरना, प्रदर्शन और जुलूस पर प्रतिबंध रहेगा।
धनबाद की विधि-व्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए प्रमंडलीय आयुक्त नितिन मदन कुलकर्णी, उपायुक्त सुनील कुमार वर्णवाल, आइजी मनोज मिश्र, डीआइजी उमेश सिंह, एसपी आरके धान ने शुक्रवार को पूर्वाह्न 11 बजे बैठक कर स्थिति की समीक्षा की। दुबारा शाम को सात बजे उपायुक्त ने पुलिस प्रशासन के तमाम बड़े अधिकारियों के साथ स्थिति की समीक्षा की।
बैठक के बाद उपायुक्त ने पत्रकारों को बताया कि शनिवार की रात आठ बजे फिर से स्थिति की समीक्षा की जाएगी। स्थिति सामान्य होने पर कर्फ्यू हटा लिया जाएगा। शनिवार को दिन में कर्फ्यू नहीं रहेगा। इस दौरान असामाजिक और शरारती तत्वों पर नजर रहेगी ताकि कोई गड़बड़ी न हो। उपायुक्त ने कहा कि शनिवार को जिले के 81 निर्धारित केंद्रों पर इंटर की परीक्षा होगी। सामान्य दिनों की तरह सरकारी स्कूल, कॉलेज, बैंक, पोस्टऑफिस और अन्य कार्यालय खुलेंगे। शादी समारोह में दिक्कत नहीं होने दी जाएगी। माडा की हड़ताल के कारण जलापूर्ति बाधित रहने पर कहा कि टैंकर से नगर निगम क्षेत्र में आपूर्ति की जा रही है। तिलाटांड से तेतुलिया और कतरास क्षेत्र में जलापूर्ति शुरू कर दी गई है। माडा के जामाडोबा जलसंयंत्र को चालू करने के लिए आउटसोर्सिग का सहारा लिया जा रहा है।
परीक्षार्थियों को राहत : जिले में इंटरमीडिएट के 28 हजार परीक्षार्थियों के लिए राहत की खबर है। जिला प्रशासन ने शनिवार को द्वितीय पाली में होने वाली इलेक्टिव लैंग्वेज व एडिशनल लैंग्वेज परीक्षा कराने की छूट दे दी है। परीक्षार्थी को परीक्षा केंद्र जाने से रोका नहीं जाएगा। उनके पास प्रवेश-पत्र होना चाहिए। वहीं एआइईईई भी 1 मई को तय समय पर निर्धारित केंद्रों में होगी। एआइईईई के को-ऑर्डिनेटर केसी श्रीवास्तव शुक्रवार को उपायुक्त से मिले। उपायुक्त ने उन्हें आश्वस्त किया कि तय समय और केंद्र पर परीक्षा होगी।
दस केंद्रों में शामिल होंगे 15 हजार परीक्षार्थी : सीबीएसई की आयोजित इस परीक्षा के लिए धनबाद में दस परीक्षा केंद्र बनाए गए हैं। इन केंद्रों पर धनबाद और आस-पास जिलों के 15 हजार परीक्षार्थी हिस्सा लेंगे। एआइईईई क्रैक करने के बाद परीक्षार्थियों के पास एनआइटी जमशेदपुर, बीआइटी मेसरा रांची, एनआइएफएफटी रांची और बीआइटी एक्सटेंशन काउंटर जसीडीह विकल्प के तौर पर खुले रहेंगे।
इन केंद्रों पर होगी परीक्षा : एआइईईई के लिए धनबाद में केंद्रीय विद्यालय-1, डीएवी कोयला नगर, डीएवी सीएफआरआइ, डीएवी बनियाहीर, सरस्वती विद्या मंदिर भूली, दिल्ली पब्लिक स्कूल धनबाद, धनबाद पब्लिक स्कूल, दून पब्लिक स्कूल, सेंट जेवियर्स इंटरनेशनल स्कूल और राजकमल सरस्वती विद्या मंदिर केंद्र बनाए गए हैं।
सरकारी स्कूल खुलेंगे : शनिवार को जिले के सभी सरकारी स्कूल संचालित होंगे। स्कूल सुबह 8:00 बजे से 11:30 बजे तक खुलेंगे। वहीं निजी स्कूल सोमवार को खुलेंगे।
आफिसर एसो.ने डीजीपी के समक्ष रखे हालात
धनबाद, जागरण संवाददाता : कुसुंडा एरिया ऑफिस, विकास भवन सहित धनसार कोलियरी कार्यालय में आगजनी व तोड़फोड़ से बीसीसीएल अधिकारी सहमे हुए हैं। वारदात के बाद अधिकांश अधिकारियों ने अपने परिजनों को दूसरे स्थान पर शिफ्ट कर दिया है। यह कहना है नेशनल कोल माइंस ऑफिसर एसोसिएशन के अध्यक्ष सुखदेव नारायण का। सुखदेव नारायण कुसुंडा एरिया आफिस पहुंचे थे। बातचीत में उन्होंने कहा कि अधिकारियों के लगातार फोन आ रहे हैं। यहां पहली बार इस तरह की घटना घटी, जिससे अधिकारी भयभीत हो गये हैं। अधिकारियों के घरों पर हमला हुआ है, इससे अधिकारी रात में अपने घरों में रहने से डर रहे हैं। ऐसी स्थिति में अधिकारियों का काम करना मुश्किल है। अधिकारियों को बीसीसीएल प्रबंधन की ओर से सुरक्षा मुहैया कराने की कवायद चल रही है। इस बाबत डीजीपी व सीएमडी से फोन बात हुई है। कोयला मंत्रालय से भी संपर्क करने का प्रयास कर रहे हैं। अधिकारियों को पुख्ता सुरक्षा दिलाने के लिए केंद्र सरकार हस्तक्षेप कर राज्य सरकार से बात करे। कर्फ्यू के बाद स्थिति का आकलन करेंगे। अधिकारियों से अपील है वो संयम से रहें और जांच में सहयोग करें।
आरोपियों की जमानत अर्जी पर सुनवाई आज
धनबाद, कोर्ट संवाददाता: अतिक्रमण हटाओ अभियान के दौरान मटकुरिया में हुए बवाल के मामले में जेल भेजे गये आरोपी विधायक मन्नान मल्लिक, पूर्व मंत्री बच्चा सिंह, पूर्व विधायक द्वय ओपी लाल एवं उदय सिंह समेत 27 लोगों की ओर से मुख्य न्यायिक दंडाधिकारी के अदालत में जमानत के लिए आवेदन दाखिल किया गया। अदालत ने सुनवाई की तिथि शनिवार मुकर्रर की। इधर अदालत ने वीरेंद्र पासवान की शिकायत को जांच एवं आवश्यक कार्रवाई के लिए एसपी के पास भेजा। मालूम हो कि प्रशासन द्वारा थाने में दर्ज करायी गयी प्राथमिकी में सत्ताइस नामजद एवं आठ दस हजार अज्ञात लोगों को अभियुक्त बनाया गया है। नाजायज मजमा बनाकर, हरवे हथियार से लैस होकर सरकारी कार्य में बाधा पहुंचाने, जानमारने की नियत से वाहन में आग लगा देने, पुलिस शिविर को ध्वस्त करने, गोली चलाने, बम का विस्फोट करने, लोक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने आदि आरोप लगा है। विधायक एवं पूर्व विधायक तथा पूर्व मंत्री की ओर से चिकित्सीय सुविधा उपलब्ध कराने के लिए जेल प्रशासन को आवश्यक निर्देश दिये जाने संबंधी मांग को लेकर आवेदन दाखिल की गयी है। बचाव पक्ष की ओर से वरीय अधिवक्तागण ब्रजेंद्र प्रसाद सिंह- अरुण कुमार सिंह व दिलीप सिंह आदि मामले की पैरवी कर रहे हैं। बचाव पक्ष के अधिवक्ता अरुण कुमार सिंह ने कहा कि मृतकों के शव का पोस्टमार्टम चिकित्सा विशेषज्ञों का बोर्ड गठित कराया गया होता तो मामले का खुलासा हो जाता।
कर्फ्यू में ढील मिलते ही बाजारों में उमड़ी भीड़
कतरास कार्यालय, जागरण टीम
कर्फ्यू में दी गयी ढील के चलते लोगों ने थोड़ी राहत की सांस ली। आवश्यक सामानों की खरीददारी करने के लिए लोगों की भीड क्षेत्र के बाजारो में उमड़ पड़ी। शहर में खासकर खाद्यान्न, सब्जी के अलावा नास्ता व चाय पान की दुकानों पर भीड़ अधिक थी। हालांकि आवक कम होने के चलते सब्जियों के कीमत आसमान छू रहे थे। हरी सब्जियों की दुकानें कम लगी थी। लोग खरीददारी पूरी भी नही कर पाये थे कि पूर्वाह्न में ढिलाई की समय सीमा समाप्त हो गयी। देखते हीं देखते सड़क पर सन्नाटा पसर गया। पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों ने सख्ती से दुकानों को बंद करा दिया। बस स्टैंड, टैक्सी स्टैंड पर भी विरानी छाई रही। दोपहर में पुन: कर्फ्यू में ढील दिये जाने के बाद कुछ दुकानें खुली लेकिन बाजार की रौनक नही लौटी। कारण यह कि रोजमर्रा की सामनों की दुकानों को छोड़ अन्य दुकानें बंद रही। पेट्रोल पंप पर अधिक भीड़ देखी गयी। डीएसपी संजीव कुमार, जिला कल्याणपदाधिकारी शिवेंदु कुमार सिन्हा, पंचायत राज पदाधिकारी एनके लाल, इंस्पेक्टर सुनील कुमार, थानेदार शिवचंद्र सिंह सहित अन्य पुलिस बल के साथ क्षेत्र में परिभ्रमण करते देखे गये।
बाघमारा संवाददाता के अनुसार कर्फ्यू के दूसरे दिन भी बाघमारा क्षेत्र में विरानी छाई रही। पुलिस- प्रशासन की चाक चौबंद व्यवस्था से सब कुछ शांत रहा। प्रात: सात बजे से नौ बजे तक कर्फ्यू में ढील के बाद पुन: पुलिस सक्रिय हो गयी। नौ बजते ही लोग घरों में दुबक गये। बाजार बंद हो गया विधि व्यवस्था के मद्देनजर भूमि सुधार उपसमाहर्ता कुंज बिहारी पांडेय, बीडीओ प्रेम कुमार तिवारी, पुलिस इंस्पेक्टर आर शर्मा, थानेदार सैमुअल लिंडा, जेएसएस परशुराम सिंह सहित अन्य क्षेत्र में परिभ्रमण करते देखे गये। बरोरा संवाददाता के अनुसार कर्फ्यू के कारण आम जनजीवन अस्त व्यस्त रहा। हरिणा, बरोरा, मुराईडीह एवं आसपास के इलाकों में बहुत कम निकले। ढील के दौरान हजारों की संख्या में लोग जरूरी की सामानों को खरीदने के लिये निकले। लेकिन समय सीमा समाप्त होने के बाद दुकानें पुन: बंद करा दी गयी। महाप्रबंधक समेत अधिकारियों के आवासों पर सुरक्षा की चौकसी देखी गयी। हरिणा कालोनी में थानेदार शिव नारायण कामत स्वयं कैंप किये हुए है। लोयाबाद संवाददाता के अनुसार कर्फ्यू के दूसरे दिन दी गई ढील के दौरान खरीददारी करने वालों की भीड़ दुकानों पर उमड़ पड़ी। गल्ला, मांस, मुर्गा, सब्जी की दुकानों लोगों का तांता लगा रहा। सुबह से ही दुकानें खुली पर समय सीमा समाप्त होते हीं पुलिस द्वारा दुकानें बंद करा दी गई। इस दौरान चालीस रुपये पटल एवं बीस रुपये साग सहित मंहगे दरों में सामानों की खरीददारी की। पोस्ट आफिस, बैंक, विद्यालय बंद रहे। थानेदार जीके अंबष्ट, टुंडी के बीडीओ एवं सीओ दंडाधिकारी के रूप में पुलिस बल के साथ गश्ती करते रहे। जवानों द्वारा फ्लैग मार्च की गई। सिजुआ संवाददाता के अनुसार कर्फ्यू कर्फ्यू में ढील मिलते ही लोग घरों से निकलकर खरीददारी की। जोगता मोड़ पर लगी सब्जी दुकान पर खरीददार टूट पड़े। भीड़ का आलम यह हो गया कि कई लोगों ने सब्जी के पैसे भी विक्रेता को नही दिये। क्षेत्र के बैंक, पोस्ट आफिस एवं विद्यालयों में ताला लटका रहा। थानेदार एसएस कुजूर एवं सहायक शिक्षा प्रसार पदाधिकारी देवनाथ राम पुलिस बल के साथ इलाके में गश्ती करते दिखे। कपुरिया संवाददाता के अनुसार एनएच-32 मुख्य मार्ग पर बड़ी गाडि़यां बहुत कम चली। क्षेत्र में बंदी सा माहौल दिखा। मोड़ पर बहुत कम लोग दिखे। महुदा संवाददाता के अनुसार महुदा थाना क्षेत्र में जन जीवन सामान्य रहा। पथ पर निजी वाहनों का परिचालन देखा गया। थानेदार रविठाकुर अपने सहयोगियों के साथ इलाके में गश्ती करते देखे गये।
कर्फ्यू में दी गयी ढील के चलते लोगों ने थोड़ी राहत की सांस ली। आवश्यक सामानों की खरीददारी करने के लिए लोगों की भीड क्षेत्र के बाजारो में उमड़ पड़ी। शहर में खासकर खाद्यान्न, सब्जी के अलावा नास्ता व चाय पान की दुकानों पर भीड़ अधिक थी। हालांकि आवक कम होने के चलते सब्जियों के कीमत आसमान छू रहे थे। हरी सब्जियों की दुकानें कम लगी थी। लोग खरीददारी पूरी भी नही कर पाये थे कि पूर्वाह्न में ढिलाई की समय सीमा समाप्त हो गयी। देखते हीं देखते सड़क पर सन्नाटा पसर गया। पुलिस व प्रशासनिक अधिकारियों ने सख्ती से दुकानों को बंद करा दिया। बस स्टैंड, टैक्सी स्टैंड पर भी विरानी छाई रही। दोपहर में पुन: कर्फ्यू में ढील दिये जाने के बाद कुछ दुकानें खुली लेकिन बाजार की रौनक नही लौटी। कारण यह कि रोजमर्रा की सामनों की दुकानों को छोड़ अन्य दुकानें बंद रही। पेट्रोल पंप पर अधिक भीड़ देखी गयी। डीएसपी संजीव कुमार, जिला कल्याणपदाधिकारी शिवेंदु कुमार सिन्हा, पंचायत राज पदाधिकारी एनके लाल, इंस्पेक्टर सुनील कुमार, थानेदार शिवचंद्र सिंह सहित अन्य पुलिस बल के साथ क्षेत्र में परिभ्रमण करते देखे गये।
बाघमारा संवाददाता के अनुसार कर्फ्यू के दूसरे दिन भी बाघमारा क्षेत्र में विरानी छाई रही। पुलिस- प्रशासन की चाक चौबंद व्यवस्था से सब कुछ शांत रहा। प्रात: सात बजे से नौ बजे तक कर्फ्यू में ढील के बाद पुन: पुलिस सक्रिय हो गयी। नौ बजते ही लोग घरों में दुबक गये। बाजार बंद हो गया विधि व्यवस्था के मद्देनजर भूमि सुधार उपसमाहर्ता कुंज बिहारी पांडेय, बीडीओ प्रेम कुमार तिवारी, पुलिस इंस्पेक्टर आर शर्मा, थानेदार सैमुअल लिंडा, जेएसएस परशुराम सिंह सहित अन्य क्षेत्र में परिभ्रमण करते देखे गये। बरोरा संवाददाता के अनुसार कर्फ्यू के कारण आम जनजीवन अस्त व्यस्त रहा। हरिणा, बरोरा, मुराईडीह एवं आसपास के इलाकों में बहुत कम निकले। ढील के दौरान हजारों की संख्या में लोग जरूरी की सामानों को खरीदने के लिये निकले। लेकिन समय सीमा समाप्त होने के बाद दुकानें पुन: बंद करा दी गयी। महाप्रबंधक समेत अधिकारियों के आवासों पर सुरक्षा की चौकसी देखी गयी। हरिणा कालोनी में थानेदार शिव नारायण कामत स्वयं कैंप किये हुए है। लोयाबाद संवाददाता के अनुसार कर्फ्यू के दूसरे दिन दी गई ढील के दौरान खरीददारी करने वालों की भीड़ दुकानों पर उमड़ पड़ी। गल्ला, मांस, मुर्गा, सब्जी की दुकानों लोगों का तांता लगा रहा। सुबह से ही दुकानें खुली पर समय सीमा समाप्त होते हीं पुलिस द्वारा दुकानें बंद करा दी गई। इस दौरान चालीस रुपये पटल एवं बीस रुपये साग सहित मंहगे दरों में सामानों की खरीददारी की। पोस्ट आफिस, बैंक, विद्यालय बंद रहे। थानेदार जीके अंबष्ट, टुंडी के बीडीओ एवं सीओ दंडाधिकारी के रूप में पुलिस बल के साथ गश्ती करते रहे। जवानों द्वारा फ्लैग मार्च की गई। सिजुआ संवाददाता के अनुसार कर्फ्यू कर्फ्यू में ढील मिलते ही लोग घरों से निकलकर खरीददारी की। जोगता मोड़ पर लगी सब्जी दुकान पर खरीददार टूट पड़े। भीड़ का आलम यह हो गया कि कई लोगों ने सब्जी के पैसे भी विक्रेता को नही दिये। क्षेत्र के बैंक, पोस्ट आफिस एवं विद्यालयों में ताला लटका रहा। थानेदार एसएस कुजूर एवं सहायक शिक्षा प्रसार पदाधिकारी देवनाथ राम पुलिस बल के साथ इलाके में गश्ती करते दिखे। कपुरिया संवाददाता के अनुसार एनएच-32 मुख्य मार्ग पर बड़ी गाडि़यां बहुत कम चली। क्षेत्र में बंदी सा माहौल दिखा। मोड़ पर बहुत कम लोग दिखे। महुदा संवाददाता के अनुसार महुदा थाना क्षेत्र में जन जीवन सामान्य रहा। पथ पर निजी वाहनों का परिचालन देखा गया। थानेदार रविठाकुर अपने सहयोगियों के साथ इलाके में गश्ती करते देखे गये।
Wednesday, April 27, 2011
इस तरह हुआ मटकुरिया में संघर्ष
धनबाद, जागरण संवाददाता : बुधवार की सुबह करीब नौ बजे इधर कोल बोर्ड कालोनी के 16 क्वार्टरों को खाली कराने की कार्रवाई बीसीसीएल प्रबंधन एवं प्रशासन कर रहा था और उधर मटकुरिया चेक पोस्ट के
निकट हजारों की भीड़ लाठी-ठंडा से लैस होकर सड़क पर टायर जलाकर विरोध जता रहा था। तभी विधायक मन्नान मल्लिक वहां पहुंचते हैं और बीच सड़क पर लेटकर कार्रवाई का विरोध करने लगे।
डीएसपी संजय रंजन उन्हें समझाते हैं और फिर एक थानेदार को पुलिस जीप लाने का निर्देश देते हैं। यह सुनते ही मन्नान कहते हैं कि उन्हें गिरफ्तार करने की जरूरत नहीं है। वे खुद थाना जाने को तैयार हैं। इसी बीच डिप्टी मेयर नीरज सिंह एवं जनता मजदूर संघ के सचिव संजीव सिंह मन्नान से कहते हैं कि वे कुछ देर रूके। इसके बाद नीरज एवं संजीव आक्रोशित भीड़ के पास पहुंचते हैं और वहां सड़क किनारे खड़ी एक मालवाहक टेम्पो पर चढ़ जाते हैं और गिरफ्तारी देने के लिए मन्नान की ओर पहुंचने का निर्देश देते हैं। फिर क्या था, भीड़ आगे बढ़ती है। इसी क्रम में भीड़ से ही कुछ लोग पुलिस पर पथराव करना शुरू कर देते हैं। इससे आक्रोशित पुलिस टीम भीड़ पर लाठीचार्ज करती है। भगदड़ मचता है और भीड़ पीछे खिसक जाती है। इस क्रम में संजीव सिंह पर भी लाठियां बरसती हैं। संजीव भीड़ के साथ ही पीछे हटते हैं जबकि नीरज किसी तरह पुलिस की लाठी से बचकर आगे निकल जाते हैं। हालांकि इस क्रम में भीड़ के पथराव से वे जख्मी होते हैं। करीब आधे घंटे बाद भीड़ फिर से आगे बढ़ती है और पुलिस पर भारी पड़ती है। यह क्रम लगातार चार घंटे तक चलता है।
निकट हजारों की भीड़ लाठी-ठंडा से लैस होकर सड़क पर टायर जलाकर विरोध जता रहा था। तभी विधायक मन्नान मल्लिक वहां पहुंचते हैं और बीच सड़क पर लेटकर कार्रवाई का विरोध करने लगे।
डीएसपी संजय रंजन उन्हें समझाते हैं और फिर एक थानेदार को पुलिस जीप लाने का निर्देश देते हैं। यह सुनते ही मन्नान कहते हैं कि उन्हें गिरफ्तार करने की जरूरत नहीं है। वे खुद थाना जाने को तैयार हैं। इसी बीच डिप्टी मेयर नीरज सिंह एवं जनता मजदूर संघ के सचिव संजीव सिंह मन्नान से कहते हैं कि वे कुछ देर रूके। इसके बाद नीरज एवं संजीव आक्रोशित भीड़ के पास पहुंचते हैं और वहां सड़क किनारे खड़ी एक मालवाहक टेम्पो पर चढ़ जाते हैं और गिरफ्तारी देने के लिए मन्नान की ओर पहुंचने का निर्देश देते हैं। फिर क्या था, भीड़ आगे बढ़ती है। इसी क्रम में भीड़ से ही कुछ लोग पुलिस पर पथराव करना शुरू कर देते हैं। इससे आक्रोशित पुलिस टीम भीड़ पर लाठीचार्ज करती है। भगदड़ मचता है और भीड़ पीछे खिसक जाती है। इस क्रम में संजीव सिंह पर भी लाठियां बरसती हैं। संजीव भीड़ के साथ ही पीछे हटते हैं जबकि नीरज किसी तरह पुलिस की लाठी से बचकर आगे निकल जाते हैं। हालांकि इस क्रम में भीड़ के पथराव से वे जख्मी होते हैं। करीब आधे घंटे बाद भीड़ फिर से आगे बढ़ती है और पुलिस पर भारी पड़ती है। यह क्रम लगातार चार घंटे तक चलता है।
Subscribe to:
Posts (Atom)